बसंत राग में गुरबाणी गायन कर श्रद्धालुओं को किया मंत्रमुग्ध, अमृत प्रचार संगत के कार्यक्रम



गदरपुर। बसंत चढ़ेया फूली बन राए, हर-हर नाम बसंत हैं,मौली धरती मौलिया आकाश,बसंत राग पर आधारित गुरबाणी कीर्तन करते हुए अमृत प्रचार संगत के रागी जत्था भाई जगजीत सिंह सहजपाल सिंह द्वारा गुरबाणी का मधुर कीर्तन करते हुए संगत को निहाल किया।

 ग्राम गुरुनानक पुर के गुरुद्वारा सिंह सभा में आयोजित कार्यक्रम में पटियाला से आए अमृत प्रचार संगत के जत्थेदार बाबा जगजीत सिंह के दिशा निर्देशन में गुरमत समागम आयोजित किया गया ,जिसमे असंध हरियाणा से आए कथावाचक ज्ञानी गुज्जर सिंह ने हरि के नाम की व्याख्या करते हुए मैला हर के नाम बिन जिउ, पर आधारित कथा करते हुए गुरबाणी के भेदों का वर्णन करते हुए संगत से हरि के नाम में अपना हृदय जोड़ने का आह्वान किया वही करनाल से आए भाई नरेंद्र सिंह द्वारा श्अविनाशी जीअन को दाता सिमरत सब मल खोई, विषय पर प्रकाश डालते हुए संगत को अविनाशी परमात्मा से मेल के लिए नाम स्मरण और मन को एकाग्र चित करने हेतु गुरबाणी का गायन ही माध्यम बताया उन्होंने कहा,नाम स्मरण से हमारे सब पाप धुल जाते हैं। भाई प्रीतम सिंह ने सर्वत्र सुख शांति की अरदास की! तत्पश्चात प्रसाद एवं गुरु का लंगर वितरण किया गया।